छुईखदान। अंकित महोबिया - नगर के व्यावहार न्यायालय छुईखदान के सामने बिजली विभाग की गंभीर लापरवाही खुलकर सामने आई है। न्यायालय परिसर के ठीक सामने लगे बिजली के खंभे में बिजली के तार बेहद खतरनाक स्थिति में लटकते हुए नजर आ रहे हैं, जो किसी बड़े हादसे को खुला न्योता दे रहे हैं। खंभे और सर्विस तार के बीच महज लगभग 5 मिलीमीटर की दूरी बची है, जो विद्युत सुरक्षा मानकों की सीधी अनदेखी को दर्शाती है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि उक्त स्थान नगरवासियों के बैठने और शाम की सैर (इवनिंग वॉक) के लिए विकसित किया गया है। यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में बुजुर्ग, महिलाएं, बच्चे और युवा पहुंचते हैं। ऐसे भीड़भाड़ और संवेदनशील क्षेत्र में बिजली विभाग की यह लापरवाही लोगों की जान के साथ खुला खिलवाड़ मानी जा रही है। मौके पर देखा गया कि बिजली के कई तार बेतरतीब ढंग से उलझे हुए और खुले हालात में लटक रहे हैं। वहीं सर्विस बॉक्स भी असुरक्षित तरीके से टंगा हुआ है, जिससे कभी भी शॉर्ट सर्किट, आगजनी या करंट फैलने जैसी गंभीर दुर्घटना की आशंका बनी हुई है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि मामूली तकनीकी खराबी भी यहां मौजूद लोगों के लिए जानलेवा साबित हो सकती है। नगरवासियों ने आरोप लगाया है कि बिजली विभाग को इस खतरनाक स्थिति की जानकारी होने के बावजूद अब तक कोई ठोस सुधार कार्य नहीं किया गया है। विभागीय उदासीनता ने प्रशासनिक जिम्मेदारियों पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। लोगों का कहना है कि विभाग किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है, जिसके बाद केवल औपचारिक कार्रवाई कर मामला रफा-दफा कर दिया जाएगा। स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि बिजली विभाग द्वारा जल्द ही इस समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया गया तो मामले को उच्च अधिकारियों और जिला प्रशासन तक पहुंचाते हुए जनआंदोलन किया जाएगा। नागरिकों ने संबंधित अधिकारियों से तत्काल निरीक्षण, दोषी कर्मचारियों पर कार्रवाई और सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की है। नगरवासियों का साफ कहना है कि सार्वजनिक स्थलों पर इस तरह की लापरवाही किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और यदि समय रहते सुधार नहीं हुआ तो इसकी पूरी जिम्मेदारी बिजली विभाग की होगी।
Loading...

